सीएम योगी ने मुजफ्फरनगर महापंचायत पर कसा तंज, अब्बाजान का मुद्दा फिर से उठाया

इंडिया न्यूज, वाराणसी:

एक दिवसीय दौरे पर रविवार को वाराणसी पहुंचे मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने नदेसर में आयोजित कार्यक्रम में भाग लिया। इसमें उन्होंने किसानों के नाम पर हो रही राजनीति पर अपनी बात रखी। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने वाराणसी में आयोजित एक कार्यक्रम में मुजफ्फरनगर महापंचायत पर तंज कसा और कहा कि किसान खुश हैं मगर उनके नाम पर दलाली करने वाले परेशान हैं। उन्होंने अब्बाजान का मुद्दा फिर से उठाया। कहा कि मुस्लिम वोट की ख्वाहिश रखने वालों को अब्बाजान से परेशानी क्यों है। उन्होंने कहा कि यूपी में धरती पुत्र आए और बेदखल हो गए। किसानों के लिए कुछ नहीं किया। भाजपा की सरकार ने किसानों की हित में काम किए, चीनी मिलों से बकाया गन्ना भुगतान कराया। वर्षों से लटकी बाढ़ सागर परियोजना के पूरा होने से किसानों को इसका लाभ होगा।
सम्मेलन में विपक्ष पर साधा निशाना
कमच्छा स्थित बीएचयू के शिक्षा संकाय के चाणक्य सभागार में कैंट विधानसभा क्षेत्र के प्रबुद्ध सम्मेलन में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अपनी सरकार की उपलब्धियां बताईं और विपक्ष पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि एक समय था जब दुनिया भर में लोग काशी, आयोध्या और मथुरा आने में संकोच करते थे। मगर, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अयोध्या में मंदिर निर्माण में प्रत्यक्ष मौजूद रहकर दुनिया के सामने भारत के एजेंडे को रखा। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि दुनिया में यूपी की छवि दंगा प्रदेश, भ्रष्टाचार सहित खराब माहौल से रहने लायक नहीं थी। यूपी का नाम सुनकर कई योग्य नौजवानों को बाहर का रास्ता दिखाया जाता था। मगर, सबकी सामूहिकता का परिणाम है कि यूपी ने दुनिया में छवि बदली है। आने वाले पांच साल में यूपी की प्रति व्यक्ति आय राष्ट्रीय प्रति व्यक्ति आय से ज्यादा होगी।
काशी प्रदेश के विकास की धुरी
सीएम ने कहा कि काशी प्रदेश के विकास की धुरी है और यहां के विजन को अब देश और दुनिया भी हाथों हाथ लेती है। उन्होंने कोरोना काल की चुनौतियों का जिक्र किया और कहा कि हर मुश्किल में सरकार ने जनहित को सर्वोपरि रखा।  मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकारें 1947 से चल रही हैं मगर, उनका एजेंडा तय नहीं हो पाता था। उत्तर प्रदेश में प्रयागराज कुंभ का सनातन परंपरा के अनुसार आयोजन और काशी में प्रवासी भारतीय सम्मेलन ने हमारी मंशा को जाहिर किया। सरकार की नीयत से ही उसकी भावी योजनाओं का पता लगता है।
भव्य काशी विश्वनाथ धाम का सपना साकार
मुख्यमंत्री ने वर्ष 1916 में महात्मा गांधी की काशी यात्रा का जिक्र करते हुए कहा कि उस समय बापू ने काशी विश्वनाथ में व्याप्त गंदगी और अव्यवस्था पर तंज कसते हुए कहा था कि यहां कैसे हिंदू रहते हैं। महात्मा गांधी के नाम पर सत्ता हासिल करने वालों की लंबी सूची है, मगर उनके विजन पर चलकर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने ही भव्य काशी विश्वनाथ धाम का सपना साकार किया। उन्होंने कहा कि काशी विश्वनाथ की तरह मां विंध्यवासिनी का भी भव्य मंदिर निर्माण कराया जा रहा है। अयोध्या और ब्रज में भी काशी के विजन को लागू किया जा रहा है।

Latest news
Related news