अदालत ने कन्हैयालाल के हत्यारों को 14 दिन की ज्यूडिशियल कस्टडी में भेजा, सर्व समाज ने निकला मौन जुलूस

इंडिया न्यूज़, उदयपुर:
राजस्थान के उदयपुर में बीते मंगलवार 28 जून को दिनदहाड़े हुई कन्हैयालाल साहू की हत्या मामले में दोनों आरोपियों को उदयपुर जिला अदालत ने 14 दिन की ज्यूडिशियल कस्टडी में भेज दिया है। अब नेशनल इन्वेस्टिगेशन एजेंसी (NIA) इन हत्यारों को जयपुर NIA कोर्ट में पेश करने के लिए ट्रांजिट रिमांड मांग सकती है। NIA इन आरोपियों को दिल्ली नहीं ले जाएगी। गुरुवार शाम राजस्थान पुलिस ने भारी सुरक्षा व्यवस्था के बीच दोनों हत्यारों को कोर्ट में पेश किया था। कोर्ट में वकीलों ने दोनों आरोपियों के खिलाफ जमकर नारेबाजी की।

सर्व समाज के मौन जुलूस में हुआ पथराव

गुरुवार को उदयपुर में कन्हैयालाल हत्याकांड के विरोध में सर्व समाज की ओर से मौन जुलूस निकाला गया। इस जुलूस में हजारों लोग शामिल हुए। यह जुलूस टॉउन हॉल से शुरू हुआ और कलेक्ट्रेट तक पहुंचा। कलेक्ट्रेट से लौटते समय दिल्लीगेट चौराहे पर कुछ युवकों ने पत्थरबाजी की। इस दौरान पुलिस ने डंडे बरसाकर खदेड़ा। विभिन्न संगठनों ने राजस्थान के जयपुर, उदयपुर, पाली, कोटा, जालोर, जैसलमेर, करौली जिलों के कई शहरों में बंद का ऐलान किया।

घटना में आतंकी गैंग शामिल

एनआईए द्वारा बयान जारी कर कहा गया है कि “दोनों हत्यारों का काफी बड़ा ग्रुप है। प्रारंभिक जांच में यह पाया गया है कि इस घटना में कोई आतंकी संगठन शामिल नहीं है बल्कि आतंकी गैंग शामिल है। कुछ मीडिया रिपोर्ट्स हैं जिन में कहा गया है कि हत्यारों का संबंध कुछ आतंकी संगठनों से है। यह रिपोर्ट्स अटकलों पर आधारित हैं और इनमें कोई सच्चाई नहीं है। एनआईए की 6-10 सदस्यीय टीम इस मामले की जांच कर रही है। जिसका नेतृत्व इंस्पेक्टर जनरल और डिप्टी इंस्पेक्टर जनरल रैंक के अधिकारी कर रहे हैं।” बता दें कि, एक दिन पहले राजस्थान सरकार ने दावा किया था कि दोनों अंतरराष्ट्रीय संगठनों से जुड़े हुए थे।

सीएम गहलोत ने कन्हैयालाल के परिवार से मुलाकात

गुरुवार को मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने मृतक कन्हैयालाल के परिवार से मुलाकात की। इसके साथ ही पीड़ित परिवार को आर्थिक सहायता की राशि भी सौंपी गई। साथ ही सीएम ने कन्हैयालाल के घरवालों को हर संभव मदद का आश्वासन दिया। सीएम गहलोत के साथ कांग्रेस प्रदेशाध्यक्ष गोविंद सिंह डोटासरा, गृह राज्य मंत्री राजेंद्र यादव, DGP मोहन लाल लाठर व अन्य अधिकारी उदयपुर पहुंचे थे।

पीड़ित परिवार से मुलाकात करने के बाद सीएम गहलोत ने मीडिया से कहा कि “NIA एक महीने के अंदर इस केस में जल्दी सजा दिला दे। NIA को समझना चाहिए कि प्रदेश के लोगों की भावना क्या है? कन्हैया को सुरक्षा दी गई या नहीं, क्या कमी रही, सभी चीजें NIA की जांच में सामने आ जाएगी। NIA की जांच पर भरोसा करना चाहिए, जांच निष्पक्ष होगी, हम पूरा सहयोग करेंगे। इस घटना ने देश को हिला दिया है।”

NIA की जांच से परिवार संतुष्ट

कन्हैया के बेटे हर्ष साहू ने बताया कि “सीएम ने आश्वासन दिया कि इन लोगों को फांसी होनी ही है। एक आश्रित को सरकारी नौकरी देने का भी आश्वासन दिया है। पहले जो जांच हो रही थी, उससे हम संतुष्ट नहीं थे, मगर अब जो पिछले 2-3 दिन से जांच हो रही है, उससे हम संतुष्ट हैं। अब हमारे मन में कोई डर नहीं, सभी लोग साथ हैं। सीएम, CS और DGP के साथ बैठक करेंगे व फिर थाने को लेकर कार्रवाई पर निर्णय किया जाएगा। सीएम ने उन्हें कहा कि मैं आपके साथ हूं, किसी भी समय आकर आप मिल सकते हो।”

ये भी पढ़े : सीएम एकनाथ शिंदे और डिप्टी सीएम देवेंद्र फडणवीस ने की पहली कैबिनेट बैठक, पीएम मोदी और उद्धव ठाकरे ने दी बधाई

ये भी पढ़े : जानिए कौन हैं महाराष्ट्र के नए मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे, ऑटोरिक्शा चलाने से लेकर सीएम पद तक का सफर

ये भी पढ़े : एकनाथ शिंदे होंगे महाराष्ट्र के नए सीएम, शाम साढ़े 7 बजे लेंगे शपथ, भाजपा सहित कई दलों का समर्थन मिला

हमें Google News पर फॉलो करे- क्लिक करे !

Connect With Us : Twitter | Facebook Youtube

Latest news
Related news