आज दिल्ली का सफर करना है तो बदल लें अपना रूट

किसाना महापंचायत के कारण आज आपको दिल्ली पहुंचने में दिक्कतें हो सकती हैं। हम आपको बता रहे हैं कि अगर आपको दिल्ली तक सफर करना है तो कौन से रूट से आप आसानी से दिल्ली तक पहुंच सकते हैं। (You may face difficulties in reaching Delhi today due to Kisan Mahapanchayat. We are telling you that if you want to travel to Delhi, then by which route you can easily reach Delhi.)

एडीजीपी लॉ एंड आर्डर को मौके पर रहने के आदेश, लोगों को एहतियात अन्य सड़क मार्ग से जाने के लिए एडवाइजरी जारी की
डॉ रविंद्र मलिक, करनाल:
किसान नेताओं द्वारा करनाल में 7 सितंबर को की जाने वाली किसान महापंचायत के आयोजन को लेकर सरकार व पुलिस प्रशासन भी मुस्तैद है और अपने स्तर पर हर व्यवस्था कर रखी है। सोमवार को निरंतर सीनियर अधिकारियों के बैठकों के दौर सुबह से लेकर देर शाम तक चले। गत दिनों करनाल में किसानों और पुलिस के बीच हुए घटनाक्रम के बाद सरकार व प्रशासन भी बेहद सधे हुए तरीके से चल रहे हैं ताकि किसी भी तरह विवाद की स्थिति पैदा नहीं हो। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए प्रदेश की कानून व्यवस्था की जिम्मेदारी संभाल रहे एडीजीपी नवदीप विर्क को सरकार की तरफ से साफ आदेश है कि वो मौके पर रहकर हर घटनाक्रम पर नजर बनाए रखें। पूरे मामले को लेकर डीजीपी पीके अग्रवाल की अध्यक्षता में बैठक हुई। वहीं ये भी बता दें कि सरकार व स्थानीय पुलिस प्रशासन निरंतर किसान नेताओं की गतिविधियों पर नजर बनाए हुए हैं। सरकार की पूरी कोशिश है कि किसी भी तरह कोई तनाव का माहौल ना पैदा हो ।
सरकार ने एहतियात के तौर पर करनाल में इंटरनेट सेवाएं बंद करने का निर्णय लिया है। सोमवार को दोपहर 12.30 बजे से 7 सितंबर रात 23.59 बजे तक इंटरनेट सेवाएं निलंबित करने के निर्देश दिए हैं।

जिले के डीसी, रेंज आई, एडीजीपी समेत अधिकारियों की बड़ी परीक्षा

पूरे मामले के चलते जिले के डीसी, करनाल रेंज आईजी, एसपी समेत तमाम अन्य सीनियर अधिकारियों की भी जान सांसत में अटकी है। क्योंकि पिछली बार के विवाद के बाद उनको बेहद ही सावधानीपूर्वक तरीके से ना केवल ड्यूटी निभानी होगी बल्कि किसी भी तरह तनाव को नहीं पैदा होने देना है। उनको हर कदम फूंक फूंक कर रखना होगा।

सुरक्षा इंतजामों पर एक नजर जरुरी है

अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक (कानून एवं व्यवस्था)नवदीप सिंह विर्क ने बताया कि आईजीपी करनाल रेंज और सभी जिला पुलिस अधीक्षकों (करनाल रेंज) को करनाल और आसपास के जिलों में कानून-व्यवस्था और शांति बनाए रखने के लिए आवश्यक निवारक और एहतियाती उपाय करने के निर्देश दिये गए हैं। डीजीपी हरियाणा पीके अग्रवाल खुद 4 सितंबर को करनाल रेंज की पुलिस महानिरीक्षक तथा पुलिस अधीक्षकों के साथ बैठक कर किसानों के प्रस्तावित विरोध के मद्देनजर पुलिस की तैयारियों की समीक्षा कर चुके हैं।

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अंबाला-दिल्ली मार्ग पर भी यातायात बाधित होने की संभावना

जानकारी अनुसार मुख्य राष्ट्रीय राजमार्ग संख्या 44 (अंबाला-दिल्ली) पर करनाल जिले में कुछ यातायात बाधित हो सकता है। विभाग के अधिकारियों ने कहा कि एनएच-44 का उपयोग करने वाले नागरिकों को सलाह दी जाती है कि 7 सितंबर को करनाल शहर की तरफ यात्रा से बचें या अपने गंतव्य तक जाने के लिए वैकल्पिक मार्गों का उपयोग करें।

दिल्ली-चंडीगढ़ रुट डायवर्ट होंगे

दिल्ली की ओर से आने वाले वाहनों को पैप्सी पुल (पानीपत) से होते हुए मुनक से असंध व मूनक से गगसीना, घोघड़ीपुर से होते हुए करनाल के हांसी चैंक, बाईपास पश्चिमी यमुना नहर से होते हुए कर्ण लेक जीटी रोड़ 44 से होते हुए चंडीगढ़ की ओर निकाला जाएगा।

रुट डायवर्ट : जीटी रोड 44 से होते हुए चंडीगढ़ की ओर निकाला जाएगा

इसके अतिरिक्त हल्के वाहनों को मधुबन, दाहा, बजीदा, घोघड़ीपुर से होते हुए हांसी चैंक, बाईपास यमुना नहर कर्ण लेक जीटी रोड 44 से होते हुए चंडीगढ़ की ओर निकाला जाएगा। चंडीगढ़ की ओर से जाने वाले वाहनों को पीपली चैंक (कुरुक्षेत्र) से लाडवा, इंद्री, ब्याना, नेवल, कुंजपुरा से होते हुए नंगला मेघा, मेरठ रोड़ से होते हुए अमृतपुर खुर्द, कैरवाली तथा घरौंडा से जीटी रोड 44 से होते हुए दिल्ली की ओर निकाला जाएगा।

जीटी रोड़-44 से होते हुए दिल्ली की ओर निकाला जाएगा

इसके अतिरिक्त हल्के वाहनों को रम्बा कट तरावड़ी से रम्बा चैंक इंद्री रोड़ से होते हुए संगोहा, घीड़, बड़ागांव, नेवल, कुंजपुरा से हेते हुए नंगला मेघा, मेरठ रोड़ से होते हुए अमृतपनुर खुर्द, कैरवाली तथा घरौंडा से जीटी रोड़-44 से होते हुए दिल्ली की ओर निकाला जाएगा।

सबको अपनी बात रखने का अधिकार लेकिन शांतिपूर्ण तरीके से : अनिल विज

गृह मंत्री अनिल विज ने कहा है कि प्रजातांत्रिक देश में सबको अपनी बात रखने का अधिकार है। किसान भी अगर प्रदर्शन कर रहे हैं तो वो भी करें और ये उनका भी हक है। लेकिन उनको शांतिपूर्ण तरीके से ये करना चाहिए ताकि किसी को कोई परेशानी नहीं हो। एडीजीपी नवदीप विर्क को मैंने आदेश दिए हैं कि वो खुद वहां जाकर स्थिति संभाले। इंटरनेट जहां बंद करने की बात है तो प्रशासन को कई बार अफवाह फैलाने से रोकने के लिए ऐसा करना पड़ता है। किसान नेताओं से अपील है कि शांति बरकरार रखने का दायित्व उनका भी है।

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