Humanity During Russia Ukraine War : सरहदों की बेड़ियां भूल यूक्रेन में मसीहा बनी भारत सरकार व पाकिस्तान का आजम

Humanity During Russia Ukraine War

इंडिया न्यूज, नई दिल्ली:

Humanity During Russia Ukraine War रूस और यूक्रेन में जारी युद्ध के बीच यूक्रेन में फंसे भारत सहित कई देशों के लोगों के लिए कुछ लोग मसीहा बनकर सामने आ रहे हैं। इस दौरान भारतीय दूतावास के अधिकारी और पाकिस्तान के लोग भी सरहदों की बंदिशों को भूलकर एक दूसरे की मदद करने के लिए सामने आ रहे हैं। इसी कड़ी में पाकिस्तान निवासी युवक मोहम्मद आजम खान (Mohd Azam Khan) ने दरियादिली दिखाई है और उसकी बदौलत एक नहीं बल्कि संकट में फंसे 2500 भारतीय सुरक्षित जगहों पर पहुंचे हैं।

जानिए कैसे पाकिस्तान के युवक की दरियादिली से बचे 2500 भारतीय

Humanity During Russia Ukraine War

एक रिपोर्ट के मुताबिक, एसओएस इंडिया के संस्थापक नितेश कुमार यूक्रेन के इलाकों में फंसे भारतीय छात्रों को पश्चिमी सीमा पर ले जा रहे थे। वह जानते थे कि हंगरी, पोलैंड, स्लोवाकिया या रोमानिया की सीमाओं तक पहुंचने के लिए छात्रों को कई बसों की जरूरी होगी। उन्होंने कई टूर आपरेटरों से उनकी व्यवस्था करने के लिए बात की लेकिन सफलता नहीं मिली। इसके बाद आजम खान ने इस काम में उसकी मदद करने की जिम्मेदारी ली।

एक दैवीय उपहार की तरह थे आजम, पैसा भी नहीं लिया : नितेश कुमार

नितेश कुमार ने कहा कि आजम हमारी टीम के लिए एक दैवीय उपहार की तरह थे। वह बहुत मददगार हैं और उन्होंने भारतीय छात्रों से एक पैसा भी नहीं लिया। नितेश के अनुसार आजम ने 2500 भारतीय छात्रों के लिए सुरक्षित मार्ग की व्यवस्था की। आजम खान ने कहा, जब मैंने भारतीय छात्रों के पहले बैच को बचाया, तो मुझे नहीं पता था कि संकट इतना बड़ा था, मैंने पाया कि मेरा नंबर कई भारतीय व्हाट्सएप ग्रुपों पर वायरल हो गया है। इसके बाद मुझे लगातार आधी रात को रेस्क्यू आॅपरेशन के लिए फोन आने लगे। उन्होंने कहा, अब तक मैंने 2500 भारतीय छात्रों को बचाया है।

Also Read : Russia Ukraine War 14th day Updates : यूक्रेन के सेवेरोडोनेस्टक सिटी में रूसी हमले में 10 लोगों की मौत

दुश्मनी सिर्फ राजनीति है, एक-दूसरे को प्यार करते हैं दोनों देशों के लोग : आजम

Humanity During Russia Ukraine War

आजम ने कहा कि इन भारतीय छात्रों के माता-पिता मेरे व्हाट्सएप पर मुझे दुआएं दे रहे हैं। आजम से जब पूछा गया कि एक पाकिस्तानी होने के नाते, दोनों देशों के बीच संबंधों के इतिहास के मद्देनजर उन्हें भारतीय छात्रों की मदद करने में कैसा लगा। जवाब में आजम ने कहा कि आपने हाल ही में एक वीडियो देखा होगा, जिसमें भारतीय महिला क्रिकेट टीम एक पाकिस्तानी खिलाड़ी के बच्चे के साथ खेलती नजर आ रही है, यह प्रेम और मानवता है। दुश्मनी सिर्फ राजनीति है, दोनों देशों के लोग एक दूसरे से बहुत प्यार करते हैं।

Also Read : Inflation Rising Due To Ukraine Russia War : रूस यूक्रेन युद्ध का असर आम जनता की जेब पर, जानिए कैसे?

पाकिस्तान युवती को बचाया, पीएम मोदी की मुरीद हुई आसमा

भारत सरकार ने यूक्रेन के पड़ोसी देशों में फंसे भारतीयों को सुरक्षित स्वदेश लाने के लिए आपरेशन गंगा शुरू किया था और इसके तहत यूक्रेन से निकाले गए छात्रों में पाकिस्तान की एक छात्रा आसमा शफीक (Asma Shafique) भी है जो इस नेक काम के लिए भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की मुरीद हो गई है। वह अभी पश्चिमी यूक्रेन के रास्ते पर है और वह जल्द अपने परिवार से मिलेंगी। भारत सरकार ने बांग्लादेश के भी नौ लोगों को यूक्रेन से सुरक्षित निकाला है। इसके अलावा भी भारत ने कई अन्य देशों के लोगों को सुरक्षित निकाला है।

Connect With Us : Twitter | Facebook Youtube

Latest news
Related news